29 C
Madhya Pradesh
September 22, 2026
Pradesh Samwad
उत्तर प्रदेशप्रदेशराजनीति

कानपुर में गरजे AIMIM चीफ औवैसी, बोले- मुसलमानों की स्थिति बैंड बजाने वालों जैसी, जिन्हें पार्टी के बाहर ही रोक दिया जाता है

ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुसलिमीन के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी रविवार को कानपुर पहुंचे। यहां उन्होंने एक रैली को संबोधित करते हुए कहा कि भारत में पहले शादियों में मुसलमानों से बैंड-बाजा बजवाया जाता था लेकिन उन्हें शादी में अंदर नहीं जाने दिया जाता था। राजनीति में भी मुसलमानों की स्थिति ऐसी ही है।
ओवैसी ने कहा कि सियासत में सिर्फ ताकत की आवाज सुनी जाती है। जिसके पास सांसद या विधायक जैसे नुमाइंदे हैं, सिर्फ उन्हें सुना जाता है। बाकी को छोड़ दिया जाता है। वह जाजमऊ के अकील कंपाउंड में एक जनसभा को संबोधित कर रहे थे।
‘बैंड नहीं बजाएंगे मुसलमान’ : AIMIM के अध्यक्ष ने कहा कि मुसलमान बारात की उस बैंड पार्टी की तरह हो गए हैं, जिन्हें पहले बाजा बजाने को कहा जाता हैं, लेकिन दूल्हे के मुकाम तक पहुंचने पर उन्हें बाहर ही रोक दिया जाता है। अब मुसलमान बैंड नहीं बजाएगा, हम जम्हूरियत का बाजा बजाएंगे।
‘यूपी में 100 मुसलमान नेता हो’ : एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी ने कहा, ‘अब मुसलमान बैंड-बाजा नहीं बजाएंगे। यहां तक कि हर जाति का एक नेता है, लेकिन मुसलमानों का कोई नेता नहीं है। यूपी में मुस्लिम आबादी 19 फीसदी है, लेकिन उनका एक भी नेता नहीं है। मेरी तमन्ना है कि मरने से पहले यूपी में 100 मुसलमान नेता हो।’
‘बैंड में बाजा बजाने वाला नहीं बनेगा मुसलमान’ : ओवैसी ने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुस्लिमों को तय करना होगा कि 2022 में वह सिर्फ वोट डालने वाले बनेंगे या नेता बनेंगे। हम बैंडबाजे वाला नहीं बनना होगा। जिस समाज से नेता होता है, उस समाज की इज्जत की जाती है, लेकिन मुस्लिमों का कोई नेता नहीं है। मुस्लिमों को एक होकर वोट देना होगा।
हिंसा में मारे गए युवकों को बताया शहीद : एआईएमआईएम चीफ ने कहा कि उन्होंने कानपुर में रैली करने का फैसला इसलिए लिया क्योंकि यहां पर मोहम्मद रईस, मोहम्मद आफताब आलम और मोहम्मद सैफ के सीने में पुलिस ने दिसंबर 2020 में गोली मार दी थी। वह शहीद हो गए थे।
अमेठी में राहुल गांधी वह हार गए। वजह, मुस्लिमों ने उन्हें वोट नहीं दिया। केरल के वायनाड में राहुल जीत गए, क्योंकि मुस्लिमों ने उन्हें वोट दिया था। सीएए के कानून को काला कानून बता संसद में बिल फाड़ दिया। यूएपीए बिल का भी विरोध किया। कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने इस बिल का समर्थन किया था।
‘मुसलमान नहीं जागा तो नुकसान होगा’ : ओवैसी ने कहा कि मुस्लिम नहीं जागे तो नुकसान होगा। पुलिस ने मौलाना कलीम सिद्दीको जेल भेज दिया, लेकिन कांग्रेस, बहुजन समाज पार्टी और समाजवादियों ने कुछ नहीं कहा। उन्हें इस बात का डर है कि उनके वोट न छिटक जाएं।
कानपुर के लोगों को कोविड की दूसरी लहर में ऑक्सिजन नहीं मिली थी, लेकिन बीजेपी की ऑक्सिजन बंद करनी है। कुंभ मेले के कारण चमड़े के कारोबार को बंद करा दिया गया, जबकि पहले सिर्फ तीन दिन के लिए काम बंद कराया जाता था।

Related posts

‘UP चुनाव से पहले किसी बड़े हिंदू लीडर की होगी हत्‍या ‘ BJP पर बरसे राकेश टिकैत

Pradesh Samwad Team

मध्यप्रदेश में गड़बड़ियों के कारण 60 नर्सिंग होम का पंजीयन निरस्त

Pradesh Samwad Team

मालवा-निमाड़ में सबसे ज्यादा गर्मी पड़ेगी, मार्च के दूसरे सप्ताह से तपेगा एमपी

Pradesh Samwad Team

Leave a Comment