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भोपाल-इंदौर में पुलिस कमिश्नर सिस्टम में लागू, दो-दो DIG और आठ-आठ SP लेवल के अफसर होंगे, जानें सब कुछ

लंबे इंतजार के बाद भोपाल और इंदौर (Police Commissioner System In Bhopal) में आज से पुलिस कमिश्नर सिस्टम लागू हो गया है। इंदौर और भोपाल एडीजी स्तर के अधिकारी पुलिस कमिश्नर होंगे। इसके साथ ही दो-दो डीआईजी अधिकारी भी रहेंगे। वहीं, आठ-आठ एसपी लेवल के अधिकारी भी नए सिस्टम होंगे। सरकार की तरफ से अधिसूचना जारी कर दी गई है। गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने इसकी घोषणा की है।
पुलिस कमिश्नर सिस्टम में भोपाल के 38 और इंदौर के 36 थाने आएंगे। वहीं, कमिश्नर के अंडर में दोनों जगहों पर दो-दो एसीपी होंगे, जो डीआईजी स्तर के अधिकारी रहेंगे। कमिश्नर सिस्टम के लिए तैयार ड्राफ्ट को सीएम शिवराज सिंह चौहान ने सुबह में मंजूरी दी थी। विधि विभाग ने रिव्यू के बाद इसे फाइनल कर दिया। कमिश्नर सिस्टम लागू होने के बाद अब नए सिरे से अधिकारियों की तैनाती होगी।
भोपाल में कितने पद

  1. पुलिस कमिश्नर के एक पद, यह एडीजी लेवल के अधिकारी होंगे
  2. दो एसीपी होंगे, डीआईजी लेवल के
  3. आठ एसपी होंगे
  4. 10 एएसपी की तैनाती होगी
  5. एक ग्रामीण एसपी होंगे
  6. 33 डीएसपी होंगे
    इंदौर में कितने पद
  7. इंदौर में भी एक पुलिस कमिश्नर होंगे
  8. दो एसीपी होंगे
  9. आठ एसपी होंगे
  10. 12 एएसपी होंगे
  11. 30 डीएसपी होंगे
  12. एक ग्रामीण एसपी होंगे
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    IAS लॉबी करती रही विरोध
    दरअसल, इंदौर और भोपाल में पुलिस कमिश्नर सिस्टम लागू करने को लेकर चार दशक प्रयास जारी है। पिछले कुछ प्रयासों को देखें तो आईएएस लॉबी इसमें सबसे बड़ी अड़चन थी। इस बार भी आईएएस लॉबी इसके खिलाफ था। मगर सीएम शिवराज सिंह चौहान ने लॉ एंड ऑर्डर की स्थिति में सुधार लाने के लिए इस बार फैसला लिया है।
    पुलिस के बढ़ गए अधिकारी : वहीं, पुलिस कमिश्वर सिस्टम लागू होने के बाद पुलिस के अधिकार भी बढ़ गए हैं। कानून व्यवस्था की स्थिति को सुदृढ़ करने के लिए धारा 144 और कर्फ्यू पुलिस खुद ही लागू कर सकती है। शांति भंग के आशंका में पुलिस किसी को भी गिरफ्तार कर 14 दिन तक के लिए जेल भेज सकती है। धारा 107/16 के तहत प्रतिबंधित कार्रवाई का अधिकार पुलिस को मिलेगा। एनएसए के तहत भी पुलिस को कार्रवाई का अधिकार मिला। जेल से जुड़े निर्णय भी पुलिस ले सकती है। सरकारी गोपनीयता भंग करने वालों पर पुलिस सीधे कार्रवाई कर सकती है।
    सीएम से की मुलाकात : वहीं, कमिश्नरी प्रणाली लागू होने के बाद मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान से गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा और डीजीपी ने मुलाकात की है। इस दौरान प्रिंसिपल सेक्रेट्री गृह राजेश राजौरा और एडीजी आदर्श कटियार भी मौजूद रहे हैं।

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