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ब्रिटेन में क्रिसमस से पहले नहीं लगेगा लॉकडाउन, स्वास्थ्य मंत्री बोले- सतर्क रहें और आनंद लें

ब्रिटेन की सरकार ने गुरुवार को कहा कि वह क्रिसमस तक कोविड-19 से जुड़ी नयी पाबंदियां नहीं लगाएगी। ब्रिटिश सरकार ने ओमीक्रोन स्वरूप की गंभीरता पर शुरूआती अध्ययनों को उत्साहजनक बताया। स्वास्थ्य मंत्री साजिद जाविद ने कहा कि अध्ययनों से पता चलता है कि कोरोना वायरस के डेल्टा स्वरूप की तुलना में ओमीक्रोन से संक्रमित होने पर अस्पताल में भर्ती होने की कम संभावना है जो कि एक उत्साजनक खबर है।
स्वास्थ्य मंत्री बोले- सतर्क रहें और आनंद लें : ब्रिटिश स्वास्थ्य मंत्री ने यह भी कहा कि अब तक यह बहुत स्पष्ट नहीं है कि यह खतरा कितना घटा है। जाविद ने कहा कि सावधान रहने के बावजूद, जैसा कि हम सभी हैं, लोगों को अपने परिवार और मित्रों के साथ क्रिसमस का आनंद लेना चाहिए-बेशक सावधान रहें।
ब्रिटेन में ओमीक्रोन से गंभीर खतरा नहीं! : ब्रिटिश स्वास्थ्य सुरक्षा एजेंसी ओमीक्रोन पर नये आंकड़े प्रकाशित करने वाली है। यह इंपीरियल कॉलेज लंदन और स्कॉटिश अनुसंधानकर्ताओं के अध्ययन पर आधारित है। इन दो अध्ययनों में यह पाया गया था कि ओमीक्रोन से संक्रमित मरीजों के अस्पताल में भर्ती होने की जरूरत डेल्टा स्वरूप के मरीजों की तुलना में 20 से 68 प्रतिशत के बीच है।
दक्षिण अफ्रीका में भी हल्का दिखा था ओमीक्रोन : दक्षिण अफ्रीका के आंकड़ों में भी यह पाया गया है कि ओमीक्रोन वहां काफी हल्की बीमारी वाला हो सकता है। ब्रिटेन में कोरोना वायरस संक्रमण फैलाने में अब ओमीक्रोन प्रबल है। देश में कोविड-19 के मामले एक हफ्ते में करीब 60 प्रतिशत तक बढ़ गये।
अध्ययन ने एस्ट्राजेनेका बूस्टर खुराक का समर्थन किया : ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय के अनुसंधानकर्ताओं के एक नये अध्ययन के मुताबिक कोविड-19 के एस्ट्राजेनेका और फाइजर-बायोएनटेक टीकों ने ओमीक्रोन स्वरूप के खिलाफ प्रतिरक्षा महत्वपूर्ण रूप से बढ़ाई है। प्रयोगशाला अध्ययन में, टीके की दोनों खुराक ले चुके लोगों और तीसरी खुराक लिए लोगों के रक्त के नमूनों में एंटीबॉडी के स्तर की तुलना की गई।
तीसरी खुराक के बाद एंटीबॉडी तेजी से बढ़ रही : अध्ययन में पाया गया कि दो खुराक ने कोरोना वायरस के पूर्ववर्ती स्वरूपों की तुलना में ओमीक्रोन के खिलाफ काफी कम सुरक्षा प्रदान की जबकि तीसरी खुराक लगाने के बाद एंटीबॉडी तेजी से बढ़ गई। अध्ययन में यह भी पाया गया कि टीकाकरण नहीं कराने वाले लोग, जो कोविड-19 से उबर गये हैं, उनमें ओमीक्रोन से फिर से संक्रमण के खिलाफ बहुत कम प्रतिरक्षा है। हालांकि, गंभीर रूप से बीमार होने से उन्हें कुछ सुरक्षा मिल सकती है।

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